fbpx
Breaking News
राजकीय अस्पताल में प्लांट लगाकर बिछाई जाएगी ऑक्सीजन सप्लाई लाइन

राजकीय अस्पताल में प्लांट लगाकर बिछाई जाएगी ऑक्सीजन सप्लाई लाइन

राजकीय अस्पताल में प्लांट लगाकर बिछाई जाएगी ऑक्सीजन सप्लाई लाइन

कोरोना पेशेंट के लिए जरुरी है ऑक्सीजन, अब सिलेंडर बदलने का झंझट हो जाएगा खत्म-गंगापुर सिटी

कोरोना संकटकाल में यह राहत भरी खबर है सामान्य चिकित्सालय में ऑक्सीजन जनरेट करने के लिए प्लांट का कार्य तेज गति से चल रहा है इस प्लांट में ही ऑक्सीजन गैस तैयार होगी इसके लिए मशीन आ गई है इन मशीनों से ऑक्सीजन तैयार करेगी ऑक्सीजन सिलेंडर बदलने की झंझट समाप्त हो जाएगा।कोरोना पेशेंट के लिए ऑक्सीजन काफी जरूरी है। इसके तहत अस्पताल के हर वार्ड में बेड टू बेड ऑक्सीजन मिल सकेगी। प्लांट का निर्माण लखनऊ के ठेकेदार की ओर से कराया जा रहा है।;प्लांट के निर्माण से पहले सभी वार्डों में ऑक्सीजन पाइप लाइन की फिटिंग का काम पूरा करते हुए 60 पाइंट लगाए गए थे। ऑक्सीजन की सुविधा शुरु होने से शहर के राजकीय अस्पताल से जुड़े शहर एवं गांवों के मरीजों को इस व्यवस्था से काफी फायदा मिलेगा।अब तक ऑक्सीजन की ज़रुरत पड़ने पर चिकित्साकर्मियों को संबंधित बैड तक ऑक्सीजन के सिलेंडर लेकर जाने पड़ते हैं। सामान्य चिकित्सालय के प्रभारी डॉ. दिनेश कुमार गुप्ता ने बताया कि ऑक्सीजन प्लांट के लिए करीब 25 लाख रुपए स्वीकृत किए गए हैं। उन्होंने बताया कि राजकीय अस्पताल से शहरी क्षेत्र सहित आसपास के गांवों के हजारों मरीज जुडे हुए हैं, जो कि बीमार होने पर इलाज लेने के लिए गंगापुर सिटी आते हैं।सामान्य दिनों में अस्पताल का आउटडोर प्रतिदिन 8 सौ से 14 तक रहता है। यही नहीं इंडोर कक्ष में भी मरीजों की संख्या अधिक होने से बैड कम पड़ जाते थे। कई मरीजों को अस्पताल में एडमिट होकर इलाज के दौरान ऑक्सीजन की ज़रुरत पड़ती है। जिसके लिए अस्पताल प्रबंधन की ओर से अब तक ऑक्सीजन सिलेंडर की व्यवस्था की जाती है।
पीएमओ डॉ. दिनेश गुप्ता ने बताया कि सेंट्रल आक्सीजन सप्लाई शुरु करने का मुख्य उद्देश्य अस्पताल में ऑक्सीजन का भरपूर स्टॉक रखना है। ऑक्सीजन के लगाए गए हैं 60 पाइंट ऑक्सीजन के पाइंट लगाए गए हैं। बताया कि सर्जिकल व मेडिकल वार्ड,ऑपेशन थिएटरों ऑपरेटिव पीएनडीटी, मेडिकल, एम ओ टी व एसएमयू(शिशुरोग),मातृ एवं शिशु इकाई आपतकालीन कक्ष सहित चिकित्सकों के आउटडोर कक्षों में सभी जगह ऑक्सीजन की पाइप लाइन बिछाने का कार्य पहले ही कर लिया गया था। अब प्लांट बनने से ऑक्सीजन की न तो कमी आएगी और न ही स्टॉफ को सिलेंडर उठाकर बेड तक पहुंचाने की ज़रुरत पडेगी।गैस प्लाट का कमरा बन कर तैयारअस्पताल में गैस प्लाट का कमरा बन कर तैयार हो चुका है। इसी कमरे में गैस बनकर तैयार की जाएगी। जिससे अब बाहर से गैस सेलेण्डरों की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। क्योकि यही पर गैस तैयार की जाएगी। जिससे मरीजों को 24 घंटे ऑक्सीजन की सुविधाएं मिल सकेंगी। और मरीजों को इधर-उधर भटकना नहीं पड़ेगा।

हमें Support करें।

हमें इस पोर्टल को चलाये रखने और आपकी आवाज को प्रशासन तक पहुंचने के लिए आपकी सहायता की जरुरत होती है। इस न्यूज़ पोर्टल को लगातार चलाये रखने के लिए नीचे दिए गए बटन पर क्लिक करके हमें सब्सक्राइब कर हमें योगदान करें ताकि हम आपके लिए आवाज उठा सकें।

Subscribe

Check Also

गहलोत मंत्रिमंडल में फेरबदल और राजनीतिक नियुक्तियों की खबरों के बीच सचिन पायलट के जयपुर आवास पर प्रदेशभर के कांग्रेसियों की भीड़।

गहलोत मंत्रिमंडल में फेरबदल और राजनीतिक नियुक्तियों की खबरों के बीच सचिन पायलट के जयपुर आवास पर प्रदेशभर के कांग्रेसियों की भीड़।

गहलोत मंत्रिमंडल में फेरबदल और राजनीतिक नियुक्तियों की खबरों के बीच सचिन पायलट के जयपुर …

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Social Media Auto Publish Powered By : XYZScripts.com