fbpx
सोमवार , दिसम्बर 6 2021
Breaking News
SLSA Fashion

नवीन राज्य युवा नीति— युवा संसद में युवाओं ने बताया कैसी हो उनकी नीति, नवीन नीति युवाओं को सशक्त बनाने वाली होगी –युवा मामले एवं खेल राज्य मंत्री

Description

नवीन राज्य युवा नीति—युवा संसद में युवाओं ने बताया कैसी हो उनकी नीति,नवीन नीति युवाओं को सशक्त बनाने वाली होगी–युवा मामले एवं खेल राज्य मंत्रीजयपुर, 25 नवम्बर। युवा मामले और खेल विभाग राज्य मंत्री श्री अशोक चांदना ने कहा कि राज्य के युवा वर्ग को अपनी क्षमताओं को विकसित करने के लिए सशक्त व सक्षम बने इसके लिए मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत की मंशा के अनुरूप नवीन राज्य युवा नीति तैयार की जा रही है। उन्होंने कहा कि एक समग्र नीति के निर्माण के लिए विभिन्न क्षेत्रों के प्रतिनिधियों के साथ चर्चा की जाए। नीति केवल कागजों में तैयार नहीं होनी चाहिये, बल्कि ऐसी हो जिससे प्रदेश का युवा सशक्त बने। श्री चांदना राजस्थान युवा बोर्ड द्वारा गुरूवार को पंचायती राज संस्थान मंस आयोजित युवा संसद को संबोधित कर रहे थे। युवा संसद के तहत नवीन राज्य युवा नीति पर राज्य स्तरीय परिसंवाद का आयोजन किया गया था। इस अवसर पर श्री चांदना ने कार्यक्रम में उपस्थित युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य सरकार द्वारा युवाओं की राज्य तथा राष्ट्र के विकास में भागीदारी बढ़ाने और उनमें कौशल विकास, उद्यमिता तथा सामाजिक मूल्यों के संवर्धन के लिए नवीन युवा नीति लागू की जाएगी। उन्होंने कहा कि युवाओं को केवल डिग्री हासिल करने की मानसिकता से मुक्त होने की जरूरत है। युवाओं में अपार संभावनाएं हैं। उनके सामने शुरूआत से ही विजन होना चाहिये कि वे क्या करना चाहते हैं और क्या बनना चाहते हैं। युवा मामले राज्य मंत्री ने युवाओं से कहा कि कोई भी काम प्रतिबद्धता और अनुशासन के साथ करने से सफलता जरूर मिलती है। उन्होंने कहा कि पहले केवल शिक्षा अर्जन करना ही उद्देश्य होता था। अब समय की मांग को देखते हुए इसमें कौशल का समावेश भी किया गया है। अब इससे भी आगे सोचने और काम करने का समय है। उन्होंने कहा कि युवा अपनी सेहत के लिए भी सजग रहें क्यों कि अच्छा स्वास्थ्य भी सफल होने में सहायक है।  परिसंवाद में नवीन युवा नीति के मसौदे पर यूनिसेफ, यूएनएफपीए, यूनेस्को, डब्ल्यूएचओ, यूएनडीपी आदि विभिन्न संस्थाओं के प्रतिनिधियों के साथ-साथ एनसीसी, एनएसएस, स्काउट के राष्ट्रीय पुरस्कार विजेताओं ने भी अपने विचार रखे और नीति को प्रभावी तथा भविष्योन्मुखी बनाने के लिए अपने सुझाव भी दिये। युवाओं ने नई नीति में रोजगारोन्मुखी शिक्षा, बाल विवाह रोकने, नशे से दूरी, कौशल विकास से संबंधित प्रावधानों को जोड़ने का सुझाव दिया। युवाओं ने सुझाव दिया कि नई नीति से बालिका शिक्षा, बालिकाओं में पोषण के स्तर में सुधार का लक्ष्य भी समाहित होना चाहिये।  इस अवसर पर युवा मामले एवं खेल विभाग के प्रमुख शासन सचिव श्री राजेश यादव ने कहा कि राजस्थान भौगोलिक दृष्टि से विशाल राज्य है और यहां अलग अलग स्थानों पर युवाओं की समस्याएं अलग अलग हैं। युवाओं के सामने इस समय सबसे बड़ी चुनौती बेरोजगारी है और सरकार सामने चुनौती है कि इन युवाओं को कौशल से कैसे जोड़ा जाए। उन्होंने कहा कि युवा रचनात्मक हैं। वे नए विचारों को जन्म देते हैं और रिस्क लेने की क्षमता रखते हैं। नवीन युवा राज्य नीति उनकी इस ऊर्जा को सही दिशा देने वाली होनी चाहिये। इस अवसर पर क्रिड़ा परिषद सचिव श्री राजूलाल गुर्जर, सदस्य सचिव राज्य युवा बोर्ड श्री कैलाश पहाड़िया, नेहरू युवा केन्द्र संगठन के राज्य निदेशक श्री पवन कुमार अमरावत सहित युवा मामले एवं खेल विभाग तथा राजस्थान युवा बोर्ड के अधिकारी उपस्थित थे। —————

हमें Support करें।

हमें इस पोर्टल को चलाये रखने और आपकी आवाज को प्रशासन तक पहुंचने के लिए आपकी सहायता की जरुरत होती है। इस न्यूज़ पोर्टल को लगातार चलाये रखने के लिए नीचे दिए गए बटन पर क्लिक करके हमें सब्सक्राइब कर हमें योगदान करें ताकि हम आपके लिए आवाज उठा सकें।

Subscribe
SLSA Fashion

Check Also

ओमीक्रोन

जिनोम सीक्वेंसिंग से हुई 9 व्यक्तियों में ओमीक्रोन वायरस मिलने की पुष्टि विभाग ने कांटेक्ट ट्रेसिंग कर संपर्क में आए व्यक्तियों को किया आइसोलेट

जिनोम सीक्वेंसिंग से हुई 9 व्यक्तियों में ओमीक्रोन वायरस मिलने की पुष्टि विभाग ने कांटेक्ट …

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Social Media Auto Publish Powered By : XYZScripts.com