सीजीएसटी अधिकारियों ने 10 करोड़ रुपये से अधिक की इनपुट टैक्स क्रेडिट धोखाधड़ी के मामले में दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया

सीजीएसटी अधिकारियों ने 10 करोड़ रुपये से अधिक की इनपुट टैक्स क्रेडिट धोखाधड़ी के मामले में दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया

केन्द्रीय वस्तु एवं सेवाकर आयुक्तालय (सीजीएसटी कमिश्नरेट), फरीदाबाद, हरियाणा ने मैसर्स एफ2सी वैलनेस  प्राइवेट लिमिटेड, फरीदाबाद के दो निदेशकों को माल की आपूर्ति के बिना चालान जारी करके अवैध रूप से इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) प्राप्त करने और इसकी हेराफेरी करके लाभ लेने के आरोप में गिरफ्तार किया है।
अब तक की गई जांच के अनुसार उक्त फर्म ने वर्तमान में अस्तित्व विहीन कम्पनी मैसर्स विशाल एंटरप्राइजेज, गौतम बुद्ध नगर (उत्तर प्रदेश) से जाली परिवहन रिकॉर्ड दिखाते हुए ऐसे नकली चालान का उपयोग किया जिसमें माल की आपूर्ति के बारे में कुछ भी आश्वासन नहीं दिया गया था, से सीमेंट की खरीद दिखाई। इस प्रकार मैसर्स एफ2सी वैलनेस प्राइवेट लिमिटेड, फरीदाबाद ने विभिन्न अंतिम उपयोगकर्ताओं को माल की आपूर्ति किए बिना ही  चालान पर 10.33 करोड़ रुपये की इनपुट टैक्स क्रेडिट धोखाधड़ी की थी।
इस बारे में जांच का दायरा दिल्ली एनसीआर क्षेत्र में कई स्थानों पर फैला हुआ था और दस्तावेजी साक्ष्यों और दर्ज बयानों के आधार पर यह पता चला कि उक्त फर्म के दोनों निदेशक श्री पारस अरोड़ा और श्री देवपाल सोनी धोखाधड़ी वाले इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) का लाभ उठाने वाली कंपनियों के नेटवर्क में प्रमुख कर्ताधर्ता थे।
तदनुसार ही  श्री पारस अरोड़ा और श्री देवपाल सोनी को 10.08.2021 को गिरफ्तार किया गया और न्यायालय के समक्ष पेश किया गया है। फरीदाबाद के मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी ने उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। इस प्रकार उक्त फर्म द्वारा कुल 10.33 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी वाली आईटीसी की हेराफेरी करके लाभ लिया गया है।
इस मामले में आगे जांच चल रही है।
***
एमजी/एएम/एसटी/एसएस  

G News Portal G News Portal
76 0

0 Comments

No comments yet. Be the first to comment!

Leave a comment

Please Login to comment.

© G News Portal. All Rights Reserved.