कोटा। पश्चिम मध्य रेलवे के कोटा मंडल की तकनीकी क्षमता को विस्तार देते हुए बेड़े में एक नया अत्याधुनिक निरीक्षण यान 'परख' शामिल किया गया है। शुक्रवार को इस विशेष वाहन का कोटा-नागदा रेल खंड के बीच सफलतापूर्वक परीक्षण किया गया।
परीक्षण के दौरान रेलवे के उच्च अधिकारियों के साथ निर्माण करने वाली कंपनी के इंजीनियर्स भी मौजूद रहे। जानकारी के अनुसार, ट्रायल रन के दौरान मशीनरी में कुछ तकनीकी खामियां सामने आई हैं। अधिकारियों ने इन कमियों को नोट किया है और कंपनी द्वारा इन्हें जल्द ही दुरुस्त किया जाएगा। गौरतलब है कि कोटा मंडल के पास एक 'परख' यान पहले से ही सेवा में मौजूद है, अब इसकी संख्या बढ़कर दो हो गई है।
'परख' यान रेलवे का एक हाई-टेक डिजिटल निरीक्षण सिस्टम है, जो पटरियों की सेहत सुधारने में मील का पत्थर साबित होता है:
सेल्फ-प्रोपेल्ड तकनीक: इस यान को चलाने के लिए अलग से रेल इंजन की जरूरत नहीं पड़ती, यह खुद की शक्ति से चलता है।
डिजिटल असेसमेंट: यह पटरियों के पॉइंट्स, क्रॉसिंग सिस्टम और ट्रैक की गुणवत्ता का डिजिटल रूप से सटीक आकलन करता है।
हाई-स्पीड ट्रैकिंग: तेज गति से चलते हुए भी यह ट्रैक की सूक्ष्म खराबी को समय रहते पहचान लेता है, जिससे बड़ी रेल दुर्घटनाओं को रोकने में मदद मिलती है।
मोबाइल ऑफिस: इसमें अधिकारियों के बैठने की बेहतरीन व्यवस्था है, जिससे एक साथ कई अधिकारी मौके पर पहुँचकर निरीक्षण कर सकते हैं। इसमें अधिकारियों की सुविधाओं का भी विशेष ध्यान रखा गया है।
इस नए यान के आने से कोटा मंडल में रेल संचालन पहले से कहीं अधिक सुरक्षित और सुचारू होगा। ट्रैक में होने वाली किसी भी गड़बड़ी को तुरंत पकड़कर उसे ठीक किया जा सकेगा, जिससे ट्रेनों की रफ्तार और सुरक्षा दोनों में सुधार होगा।
#KotaRailway #IndianRailways #WCR #RailwaySafety #ParakhVan #TrackInspection #KotaNews #RailwayTechnology #SafeJourney #RailwayUpdate
No comments yet. Be the first to comment!
Please Login to comment.
© G News Portal. All Rights Reserved.