जिले की उपकरागार गंगापुर सिटी में सुविधाओं को लेकर आरटीआई से हुए बड़े खुलासे
सवाई माधोपुर 9 अक्टूबर। जिले की गंगापुर सिटी स्थित उप करागार (पूर्व जिला जेल)में कई अनियमित्ताए हैं।
दिल्ली हाईकोर्ट के एडवोकेट ओर हिंदुस्तान शिवसेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजेन्द्रसिंह तोमर राजा भईया ने आर टी आई के मध्यम से सूचना हांसिल कर ये बड़े खुलासे किए हैं। जिले की उप करागार के उप करापाल द्वारा सूचना का आधिकर के तहत दी गईं सूचना में उन्होंने खुद बताया है की इस उप करागार में एक महिला बंदी बैरक ब छह पुरुष बंदी बैरक हैं पर महिला बंदी को रखने की व्यवस्था नहीं है। जेल में 14 शौचलय है पर एक भी सरकारी सफाई कर्मचारी नियुक्त नहीं है। जेल में तिहत्तर बंदी रखने की छमता है पर सुरक्षा के लिए मात्र एक महिला प्रहरी दस पुरुष प्रहरी ओर तीन मुख्य प्रहरी यानी कुल 14 प्रहरी नियुक्त है। केवल दो स्नानघर हैं। बंदियो के उपचार के लिए एक अंशकालीन चिकित्सक तो है परंतु जेल में डिस्पेंसरी व एमबूलेंस नही है। करागार में बंदियो के लिए कैंटीन व एसटीड़ी सुविधा भी नही हैं। हर महीने जेल का सम्बंधित अधिकारियों द्वारा निरीक्षण भी नही किया जाता। जेल में बंदी वेलफेयर कमेटी भी नहीं है। एक बंदी की प्रतिदिन डाइट के लिए बत्तीस रुपए इक्यानबे पैसे ही निर्धारित है। नये उप करागार भवन के निर्माण हेतु ग्राम डिबस्या में भूमि आवंटित के साथ साथ जेल मुख्यालय द्वारा नई जेल की बाउंड्री वाल ओर गेट बनाने हेतु एक सो सत्रह लाख रुपए सार्वजनिक निर्माण विभाग को बजट स्वीकृत किया जा चूका है। परंतु अभि तक कार्य प्रारम्भ करना तो दुर की बात निविदा प्रकाशित की कार्यवाही ही चल रही है।राजा भइया ने बताया की इतनी सारी अनियमितितायें इस जेल में होने के साथ साथ जेल में बंदियो के मानव ओर मौलिक आधिकारो का भी हंनन हो रहां है। इसके साथ ही उनके कानूनी अधिकारो का भी हनन हो रहां है। बंदियो के लिए जेल में बंदी वेलफेयर कमेटी, डिस्पेंसरी, एमबूलैंस, कैंटीन, एसटीडी, शोचलय की सफाई के लिए सरकारी कर्मचारी ना होना, महिला बंदी बैरक होने के बबजूद महिला बंदियो के लिए रहने की व्यवस्था ना होना, पर्याप्त सुरक्षाकर्मी ना होना, नियमानुसार हर माह सम्बधित अधिकारियों द्वारा जेल का निरीक्षण ना किया जाना, जेल में बंद बंदियो के संवैधानिक ओर कानूनी अधिकारों का हनन है व गैर कानूनी कार्य है। इसके लिए स्वयं पहल करते हुए वो खुद जल्द ही राज्य के मुख्यमंत्री, मुख्य न्यायाधीश, अध्यक्ष मनवाधिकार आयोग, जेल डीजी व जिला कलेक्टर को शिकायत पत्र लिख कर इस बाबत कार्यवाही करवाने की माँग करेंगे।
इससे पहले भी राजा भईया जिला जेल सवाई माधोपुर, जिला जेल टोंक व प्रदेश की अन्य कई जेलों व बंदीयों की समस्याओं के लिए आवाज उठा कर कर्यवाही करवा चुके हैं जिसका सीधा सीधा लाभ जेल में बंद बंदियो को मिल रहां है।