घर-घर औषधि योजना आर्युवेद विभाग की तकनीकी सलाह से वन विभाग राजस्थान सरकार द्वारा जनहित में। बौंली..
घर-घर औषधि योजना को आज बौंली ग्राम पंचायत सरपंच श्रीमती कमलेश देवी जोशी एवं ग्राम विकास अधिकारी राजाराम बेरवा ,कनिष्ठ लिपिक सुनीता मित्तल, पंचायत सहायक हेमराज दीक्षित, गीता पाटीदार द्वारा सभी आंगनवाड़ी केंद्रों पर औषधि वितरण के लिए अश्वगंधा, तुलसी, कालमेघ एवं नीम गिलोय के पौधे वितरित किए गए ।कोविड-19 के बचाव के लिए सभी पौधे औषधि के रूप में उपचार में काम में लिए जाने के लिए हैं। गिलोय के प्राथमिक उपयोग ताजा गिलोय के तने का दो चम्मच रस शहद के साथ दिन में दो से तीन बार लेने से खांसी व अस्थमा रोग में लाभप्रद है। तुलसी की 5 से 7 पत्तियों को चाय के साथ उबालकर पीने से जुकाम खांसी बुखार में उपयोगी है। अश्वगंधा के पत्तों को पीसकर लेप लगाने से सूजन का रोग दूर हो जाता है। कालमेघ के पौधे का एक चम्मच चूर्ण पानी के साथ लेने से यकृत को शक्ति प्रदान करता है। पाचन क्रिया ठीक कर, भूख बढ़ाने, जोड़ों के दर्द, सूजन व आंतरिक संबंधित रोगों को दूर करने में कारगर सिद्ध होता है। पंचायत सहायक हेमराज दीक्षित ने सभी आंगनवाड़ी केंद्रों पर पहुंच कर आंगनवाड़ी सहायिका, आशा सहयोगिनी के माध्यम से सभी पौधों को जन आधार कार्ड के माध्यम से वितरित करने के दिशा निर्देश दिए है। सभी दस आंगनवाड़ी केंद्रों में 100_100 पौधे वितरित किए गए।
No comments yet. Be the first to comment!
Please Login to comment.
© G News Portal. All Rights Reserved.